स्वास्थ्य

गृह मंत्रालय

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 15 मई 2021 को चक्रवाती तूफान ‘तौकते’ से निपटने की तैयारियों की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक करने के बाद केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह ने रविवार को गुजरात और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्रियों और दमन  दीव तथा दादर नागर हवेली के प्रशासक के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। चक्रवाती तूफान ‘तौकते‘ से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों और संबंधित केंद्रीय मंत्रालयों/एजेंसियों की तैयारियों का आकलन करने के लिए ही यह बैठक आयोजित की गई।

इस बैठक में गृह मंत्री ने विशेषकर चक्रवात से प्रभावित होने वाले क्षेत्रों में मौजूद सभी स्वास्थ्य केंद्रों की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने राज् प्रशासन/जिला कलेक्टरों को निर्देश दिया कि वे सभी कोविड अस्पतालोंलैबवैक्सीन कोल्ड चेन और अन्य चिकित्सा केंद्रों में पावर बैकअप की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करें। इसके अलावागृह मंत्री ने राज्य प्रशासन/जिला कलेक्टरों को वाहनों की आवाजाही में संभावित व्यवधान को ध्यान में रखते हुए अस्पतालों में सभी आवश्यक दवाओं और आपूर्ति का पर्याप्त स्टॉक सुनिश्चित करने की भी सलाह दी। गृह मंत्री ने उन्हें चक्रवात के मार्ग में पड़ने वाले संभावित स्वास्थ्य केंद्रों को नुकसान से बचाने और रोगियों की सुरक्षित निकासी के लिए पर्याप्त व्यवस्था करने का निर्देश दिया। श्री अमित शाह ने उन्हें ऑक्सीजन उत्पादन संयंत्रों के निकट स्थापित अस्थायी अस्पतालों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का निर्देश दिया और इसके साथ ही उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर वहां के मरीजों को अन्य अस्पतालों में स्थानांतरित किया जा सकता है।

गृह मंत्री ने महाराष्ट्र और गुजरात में स्थित ऑक्सीजन उत्पादन संयंत्रों पर चक्रवात के प्रभाव की भी समीक्षा की। श्री अमित शाह ने 2 दिनों के लिए ऑक्सीजन का बफर स्टॉक रखने और आवंटित राज्यों में ऑक्सीजन टैंकरों की आवाजाही के लिए अग्रिम योजना बनाने के निर्देश दिएताकि किसी भी व्यवधान की स्थिति में आवंटित राज्यों को आपूर्ति प्रभावित  हो। गृह मंत्री ने अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों को निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने हेतु बिजली संयंत्रों की सुरक्षा के लिए आवश्यक व्यवस्था करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गुजरात में चक्रवात से प्रभावित होने वाले संभावित क्षेत्रों में अनेक औद्योगिक क्षेत्र हैंइसलिए उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और इसके साथ ही उद्योग भी सतर्क रहें।

गृह मंत्री ने उन्हें केंद्र सरकार और उसकी एजेंसियों की ओर से हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि स्थिति से निपटने के लिए अधिकतम संसाधनोंजिनमें सरकारी और निजी दोनों ही शामिल हैंका उपयोग किया जाना चाहिए। गृह मंत्री ने जिला कलेक्टरों को निजी उद्योगों के साथ उचित समन्वय स्थापित करने के साथसाथ यह सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया कि उनके आपदा प्रबंधन प्रकोष् को पूरी तरह से तैयार रहना चाहिए। जिला कलेक्टरों से स्थानीय स्तर पर सामाजिक उद्देश् के लिए काम करने वाले संगठनों और स्वयंसेवकों के साथ निकटता से जुड़ने के लिए भी कहा गया। श्री अमित शाह ने कहा कि उन्हें विश्वास है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत इस नई आपदा से सफलतापूर्वक निपटने में सक्षम साबित होगा।

 

श्री अमित शाह ने कहा कि गृह मंत्रालय में 24×7 नियंत्रण कक्ष कार्यरत हैजिससे राज्यों द्वारा किसी भी समय किसी भी सहायता के लिए संपर्क किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि भारतीय तटरक्षक बलनौसेनासेना एवं वायु सेना की इकाइयों को भी तैयार रखा गया है और निगरानी विमान एवं हेलीकॉप्टर हवाई निगरानी कर रहे हैं। केंद्रीय गृह मंत्री ने वरिष्ठ अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के लिए हरसंभव उपाय करने का निर्देश दिया कि लोगों की सुरक्षित निकासी हो जाए और इसके साथ ही स्वास्थ्य और ऑक्सीजन केंद्रोंबिजलीदूरसंचारपेयजल आदि सहित सभी आवश्यक सेवाओं का रखरखाव सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि इन्हें कोई नुकसान होने की स्थिति में इन्हें तुरंत बहाल कर दिया जाए।

गुजरात और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्रियों ने केंद्रीय गृह मंत्री की सलाह के अनुसार ऑक्सीजन उत्पादन संयंत्रों के निर्बाध रूप से कार्यरत रहने और सभी स्वास्थ्य केंद्रों की सुरक्षा के लिए सभी आवश्यक उपाय करने का आश्वासन दिया।

बैठक में कैबिनेट सचिवकेंद्रीय गृह मंत्रालयस्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय तथा बिजली मंत्रालय में सचिवउद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग के सचिवएनडीएमए के सदस्यआईएमडी और एनडीआरएफ के महानिदेशकगुजरात और महाराष्ट्र के मुख्य सचिवदमन  दीव और दादर नागर हवेली के प्रशासक के सलाहकारगुजरात और महाराष्ट्र के आपदा प्रबंधन सचिव  संबंधित जिला कलेक्टर और गृह मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी भाग लिया।

गृह मंत्रालय राज्य सरकारों/केंद्र शासित प्रदेश और संबंधित केंद्रीय एजेंसियों के निरंतर संपर्क में है। एनडीआरएफ ने 50 टीमों को पहले से ही तैनात कर रखा है जो नावोंपेड़ काटने वाली मशीनोंदूरसंचार उपकरणोंइत्यादि से लैस हैं और इसके साथ ही गुजरात में तैनाती के लिए 15 अतिरिक्त टीमों को हवाई मार्ग से पहुंचाया जा रहा है।

 

***

    Mohd Aman

    Editor in Chief Approved by Indian Government

    Related Articles

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    Back to top button